अजमेर, 23 दिसम्बर। किशनगढ़ क्षेत्र की राजारेडी पहाड़ियों में अवैध खनन के दौरान हुए हादसे में मजदूर की मौत के मामले ने सोमवार को तूल पकड़ लिया। विधायक विकास चौधरी की दखल के बाद आखिरकार खनन माफिया के खिलाफ नामजद मामला दर्ज किया गया, जिसके बाद कई घंटों से चला आ रहा धरना प्रदर्शन शाम को समाप्त हुआ और मृतक का पोस्टमार्टम शुरू किया गया।मंगलवार सुबह बड़ी संख्या में ग्रामीण और मृतक राजू नाथ के परिजन अस्पताल पहुंचे। उन्होंने एफआईआर दर्ज करने सहित विभिन्न मांगों को लेकर विरोध प्रदर्शन किया। सूचना मिलने पर विधायक विकास चौधरी अस्पताल पहुंचे, जहां उनकी मदनगंज थाना प्रभारी सुरेंद्र सिंह से तीखी नोकझोंक भी हुई।विधायक विकास चौधरी ने अवैध खनन में सक्रिय माफिया और पुलिस की कथित मिलीभगत को लेकर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने ‘मंथली’ वसूली जैसे आरोप लगाते हुए ग्रामीणों और परिजनों के साथ अस्पताल परिसर में ही धरना शुरू कर दिया। पुलिस प्रशासन की ओर से काफी समझाइश की गई, लेकिन एफआईआर दर्ज होने तक ग्रामीण धरने पर डटे रहे।बाद में मदनगंज थाने में खनन माफिया के खिलाफ नामजद एफआईआर दर्ज की गई, जिसके बाद गतिरोध समाप्त हुआ। इसके साथ ही पोस्टमार्टम की प्रक्रिया पूरी कर शव परिजनों को सौंप दिया गया।विधायक विकास चौधरी ने मृतक के समाधि स्थल पर पांच लाख रुपये की सहायता राशि देने तथा मृतक के आश्रित को पेंशन दिलाने की घोषणा की।